नई दिल्ली। गत सेमीफाइनलिस्ट और ओलंपिक रजत पदक विजेता स्पेन ने सोमवार को जुझारू खेल का प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड के विजयी कदमों को 2-0 की जीत के साथ थाम लिया, लेकिन इस जीत के बावजूद वह हीरो होंडा एफआईएच हाकी विश्वकप के सेमीफाइनल में नहीं पहुंच सका। स्पेन के लीग मैचों में अपनी तीसरी जीत के साथ नौ अंक हो गए और इसके साथ ही वह आस्ट्रेलिया के नौ अंकों की बराबरी पर पहुंच गया मगर गोल अंतर में पिछडने के कारण वह सेमीफाइनल का सफर नहीं तय कर सका। स्पेन अपने ग्रुप-बी में तीसरे स्थान पर रहने के कारण अब स्थान निर्धारण मैचों में पांचवें से छठे स्थान के लिए खेलेगा। दूसरी तरफ इंग्लैंड को लगातार चार जीत दर्ज करने के बाद अपनी यह पहली पराजय झेलनी पडी।
इंग्लैंड सेमीफाइनल में
सेमीफाइनल के लिए अपना स्थान पहले ही सुनिश्चित कर चुके इंग्लैंड ने इस मैच में अपनी ऊर्जा को बचाने की रणनीति अपनाई। हालांकि इसका खामियाजा उसे हार के रूप में भुगतना पडा। इसके बावजूद इंग्लैंड 24 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद हाकी विश्वकप के सेमीफाइनल में पहुंच गया। वह अंतिम बार 1986 के विश्वकप के सेमीफाइनल में पहुंचा था और खिताबी मुकाबले में हारकर उपविजेता रहा था। यूरोपीय चैंपियन इंग्लैंड और ओलंपिक रजत विजेता स्पेन के बीच मुकाबला खेल की ऊंचाइयों को नहीं छू सका। दोनों टीमों ने ही नीरस खेल का प्रदर्शन किया। स्पेन ने दोनों हाफ में एक-एक गोल करते हुए जीत हासिल की। इंग्लैंड और स्पेन दोनों को ही मैच में दो-दो पेनल्टी कार्नर मिले। इंग्लैंड को अपने चोटिल पेनल्टी कार्नर विशेषज्ञ रिचर्ड मेंटेल की कमी खली और टीम दोनों ही पेनल्टी कार्नर को गोल में नहीं बदल सकी।
तुबाऊ ने किया गोल
स्पेन के लिए उसके ड्रैग फ्लिक एक्सपर्ट पाऊ क्यूमादा ने 34वें मिनट में मिले पहले पेनल्टी कार्नर पर सटीक शाट लगाते हुए गोलकीपर जेम्स पेयर को परास्त कर दिया। इंग्लैंड के खेल को देखकर सोमवार को ऐसा नहीं लग रहा था कि टीम जीत के लिए खेल रही है। उसके खिलाडियों ने जिस तरह पिछले चार मैचों म ताबडतोड हमलों का जो नमूना पेश किया था वह सोमवार को सिरे से नदारद था। स्पेन को भी मालूम था कि उसका सेमीफाइनल में पहुंचना बहुत मुश्किल है जिसके लिए उसे काफी बडे अंतर की जीत हासिल करनी थी जो कम से कम इंग्लैंड जैसी टीम के सामने संभव नहीं थी। दूसरे हाफ के 63वें मिनट में एडवर्ड तुबाऊ ने डी में मिले लंबे पास को संभाला और फिर इंग्लिश गोलची को छकाते हुए टीम का दूसरा गोल कर डाला। स्पेन फिर अपने जीत के अंतर को आगे नहीं बढा पाया और पिछले विश्वकप में तीसरे नंबर पर रहा स्पेन अब पांचवें से छठे स्थान के लिए खेलेगा। दूसरी तरफ पिछले विश्वकप और ओलंपिक में पांचवें स्थान पर रहे इंग्लैंड को अब इंतजार रहेगा कि सेमीफाइनल में उसके सामने कौन सी प्रतिद्वंद्वी टीम रहेगी। |