ग्वालियर। पडाव थाना क्षेत्र में एक युवक को गोली मारकर हत्या का प्रयास किया गया। घायल युवक का कसूर इतना था कि उसने शराब में धुत युवक को शराब के लिए पैसे देने से इंकार कर दिया। जिस शराबी युवक ताव में आ गया और उस पर गोली चला दी। घटना मंगलवार की रात साढे बारह बजे की है।
चाय का होटल चलाता है
पुलिस के अनुसार गोली सोनू उर्फ अमोल पुत्र मोहन किरार निवासी लक्ष्मनपुरा को मारी गई है। सोनू लक्ष्मनपुरा में चाय का होटल चलाता है। मंगलवार की रात को काम खत्म करने के बाद वह पैदल-पैदल अपने घर की ओर जा रहा था। अभी वह कुछ दूरी पर पहुंचा था कि उसी इलाके में रहने वाला रवि ने उसका रास्ता रोक लिया। रवि शराब के नशे में धुत था। रास्ता रोकने के बाद वह सोनू से शराब के लिए पैसे की मांग करने लगा। सोनू ने कहा कि उसके पास पैसे नहीं है, इस पर उसने गाली-गलौच करना शुरू कर दी।
रात साढे बारह बजे की घटना
रात के साढे बारह बज चुके थे, और जिस जगह सोनू को रोका वहां सुनसान था। इसलिए किसी को गाली-गलोच का पता भी नहीं चला। काफी देर तक दोनों के बीच बहसबाजी होती रही। जब रवि को लगा कि सोनू पैसे नही देगा तो उसने कमर में लगा हुआ कट्टा निकाला और सोनू पर गोली चला दी। गोली सोनू के दाहिने तरफ सीने पर लगी, जिससे वह लहुलुहान होकर जमीन पर जा गिरा। सोनू को लहुलुहान होता देख रवि मौके से भाग गया। बाद में सोनू को अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल में तडपता रहा सोनू
एक बार फिर अस्पताल प्रबंधन की लापरवाही सामने आ गई। गोली लगने के बाद सोनू को जयारोग्य अस्पताल ले जाया गया। लगभग एक बजे सोनू अस्पताल पहुंच चुका था। कई घंटों तक सोनू तडपता रहा। उसके सीने से खून बहे जा रहा था, लेकिन उसकी कोई सुनवाई नहीं हो रही थी। जब सोनू के परिजनों ने डॉक्टर से कहा कि खून बंद नहीं हो रहा है तो डॉक्टरों का जवाब था कि हम क्या करें। यहीं नहीं जब परिजनों ने ऑप्रेशन के बारे में पूछा कि कब आप्रेशन किया जाएगा तो इस पर भी डॉक्टर कोई उचित जवाब नहीं दे रहे थे। लगभग 16 घंटे तक सोनू तडपता रहा। परिजनों ने बताया कि 4 बजे उसे ऑप्रेशन थियेटर के अंदर ले जाया गया था, लेकिन 8 बजे तक वह ऑप्रेशन थियेटर से बाहर नहीं निकला था। कुल मिलाकर डॉक्टरों की लापरवाही के कारण जहां मरीज तडपता रहा वहीं परिजन भी परेशान होते रहे। |