| | दाल-दलहन मंदी के दलदल में | | | |
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इंदौर। दरअसल इस बार दलहन खेती के प्रति किसानों के आकर्षण के साथ ही मौसम की अनुकूलता से फसलों को बेहतर लाभ मिलने की आशा है। कृषि मंत्रालय के अनुसार अब तक खरीफ दलहनों का रकबा 109.52 लाख हेक्टेयर पर जा पहुंचा, जो गत वर्ष से 19.29 लाख हेक्टेयर अधिक था। देश-प्रदेश में नई मूंग की आवक तेजी से बढती जा रही है। इसके चलते नई आवक के पहले जो मूंग 5500 से 5800 रुपए था, वह अब 3400 से 3600 रु. क्विंटल रह गया है।
इंदौर में नई उडद का श्रीगणेश ः सप्ताह के दौरान शनिवार को इंदौर में तीन बोरी नई उडद आई , जो मुहूर्त में 4501 रुपए बिकी। व्यापारियों के अनुसार 15 सितंबर बाद उडद की नई आवक का दबाव तेजी से बढने की उम्मीद है। अच्छी फसल की आशा के चलते पहले ही बोल्ड उडद के दाम 5600 से घटकर 4800 से 4900 रुपए के रह गए हैं, जो आने वाले दिनों में और गिर सकते हैं। सप्ताह के दौरान सफेद तुवर भी 150 रु. घटकर 3675 से 3700 रह गई। डॉलर चने में तेजी के बाद फिर नरमी रही। चना-मसूर के दाम सीमित घटबढ के दायरे में देखे गए।
खाद्यान्नों में मांग घटी , दाम गिरे ः न्यायालय द्वारा सरकार को खराब हो रहे खाद्यान्नों को मुफ्त बांटने का स्पष्ट आदेश दिए जाने के बाद व्यापारिक मनोदशा में भारी बदलाव देखा गया। उक्त आदेश के बाद जहां मंडियों में खाद्यान्नों की आवकें बढी, वहीं उठाव कम रह जाने से भाव में मंदी गहराती नजर आई। सप्ताह के दौरान गेहूं के दाम 40 से 50 रु. क्विंटल तक घट गए। वहीं ज्वार-मक्का की नई फसल बम्पर उतरने की संभावना से इनके भाव में भी मंदी गहरा गई।
शकर फिर घटी , हल्दी में मंदी ः सरकार द्वारा सितंबर माह के लिए कोटा जारी करने के बाद बाजारों में शकर के दाम बढकर 2660 से 2680 पर जा पहुंचे थे, लेकिन मांग अभाव के रहते यह फिर गिरकर 2600 से 2625 रुपए के रह गए। वायदा कारोबार में तेजी के चलते हाजिर कामकाज में कालीमिर्च 500 रु. क्विंटल की बढत दर्ज करा गई। इसके विपरीत हल्दी की नई फसल बेहतर आने की संभावना के बीच दाम 700 रु. क्विंटल तक गिर गए। नारियल के मूल्यों में भी भारी गिरावट देखी गई।
बेमौसम सोयाबीन आवक बढी ःसप्ताह के दौरान प्रदेश की मंडियों में बेमौसम सोयाबीन की आवकों में अप्रत्याशित बढोतरी देखी गई। दरअसल नई फसल बेहतर उतरने की संभावना को देखते हुए स्टॉकिस्टों व किसानों की बिकवाली के कारण ऐसा हुआ है। गत सप्ताह प्रदेश में जहां दैनिक आवक 35-40 हजार बोरी थी वह अब बढकर 90-95 हजार बोरी पर जा पहुंची है। उधर, महाराष्ट्र के सांगली क्षेत्र में नई सोयाबीन की आवक बढने लगी है। इस सप्ताह खाद्य तेलों में आरंभिक तेजी के बाद पुनः नरमी का रुख देखा गया। |
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