|
मुंबई। श्री सुब्बाराव ने मंगलवार को मुंबई में फिक्की द्वारा आयोजित भारतीय बैंक संघ के सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों और अन्य शीर्ष अधिकारियों के वेतन मानों में बढोतरी का समय आ गया है। इस बारे में व्यापक सोच विचार की जरूरत है समय रहते यदि ऐसा नहीं किया गया तो ये अधिकारी निजी क्षेत्र के बैकों का रुख कर सकते हैं , जह इन पदों के लिए मोटी तनख्वाह दी जाती है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र के 70 फीसदी अधिकारियों के वेतन मान सरकार द्वारा निर्धारित नियमों से तय होते हैं क्योंकि इन बैंकों में सरकार की सबसे ज्यादा हिस्सेदारी है। देश के बैंकिग क्षेत्र के लिए बेसल तीन नियम लागू किए जाने का जिक्र करते हुए श्री सुब्बाराव ने कहा कि हालांकि यह एक बडी चुनौती है लेकिन फिर भी ऐसा नहीं लगता कि सार्वजनिक क्षेत्रों के बैकों के लिए अतिरिक्त यानी बफर पूंजी की व्यवस्था कोई मुश्किल भरा काम नहीं होगा क्योंकि इस काम में उन्हें सरकार से मदद मिलती रहेगी।
बैंक आफ बडौदा 40 अरब जुटाएगा
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक आफ बडौदा ने पूंजी बाजार से 30 अरब रूप से लेकर 40 अरब रुपए तक जुटाने की योजना बनाई है। बैंक के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक एम डी माल्या ने मंगलवार को बताया कि ये राशि टीयर वन और टीयर टू श्रेणी की पूंजी से जुटाई जाएगी। उन्होंने संभावना जताई कि मौजूदा वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में जमा में बढत शुरू हो जाएगी।उन्होंने कहा कि दूसरी छमाही बेहतर रहेगी। हम निर्धारित लक्ष्य हासिल कर सकेंगे और जमा में वृद्धि होगी। श्री माल्या ने कहा कि इस वर्ष जमा में छह से सात प्रतिशत तक की वृद्धि होने की संभावना है।
त्रावणकोर बैंक ने बढाई बीपीएलआर
मुंबई। सार्वजनिक क्षेत्र के स्टेट बैंक आफ त्रावणकोर ने अपनी बेचमार्क प्रधान ब्याज दर में एक चौथाई प्रतिशत की वृद्धि करने की घोषणा की है। बैंक ने मंगलवार को बताया कि गत तीन सितबर को यह वृद्धि कर दी गयी थी। अब बैंक की प्रधान ब्याज दर 0.25 प्रतिशत बढकर 12.75 प्रतिशत हो गयी है। |