नागपुर । हाल के दिनों में नेताओं के विरोध में उनके कार्यक्रमों में चप्पलें उछालने की घटनाओं से लगता है कांग्रेस महासचिव राहुल गांधी भी डर गए हैं।
अकोला की पंजाबराव देशमुख एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी में राहुल गांधी का छात्रों को मिलने का कार्यक्रम था। कांग्रेस महासचिव से उन्हीं छात्रों को मिलने दिया गया, जिन्होंने जूते पहने थे। सूत्रों ने बताया कि चप्पल पहने छात्रों को सुरक्षा अधिकारियों ने अपने ही कॉलेज के ऑडिटोरियम में नहीं जाने दिया। इस मौके पर कांगे*स नेता राहुल गांधी को छात्रों के साथ यहां चर्चा के दौरान विदर्भ में किसान की आत्महत्या से लेकर रेलवे के समान कृषि क्षेत्र के लिए भी अलग बजट तक तमाम सवालों का सामना करना पडा। युवाओं और विद्यार्थियों को पार्टी से जोडने के उद्देश्य से किए जा रहे राष्ट्रव्यापी दौरे के तहत कांगे*स के महासचिव महाराष्ट्र की एक दिन की यात्रा पर यहां आए थे।
डॉ. पंजाबराव देशमुख कृषि विद्यापीठ के लगभग 400 विद्यार्थियों के साथ चर्चा के दौरान राहुल गांधी ने यह कहते हुए रेलवे के लिए अलग बजट के प्रावधान का पक्ष लिया कि रेलवे का ढांचा अत्यंत विशाल है। उन्होंने कहा कि सरकार कृषि क्षेत्र के विकास के लिए अधिक धन मुहैया करा रही है। विज्ञान (कृषि) स्नातक, अंतिम वर्ष और पीएचडी कर रहे परास्नातक विद्यार्थियों ने शहरी आबादी के लिए सुविधाओं की कमी के संबंध में शिकायतें की। राहुल ने कहा कि समस्या का निदान अपने स्थानों को छोडकर जाना नहीं है।
राहुल गांधी ने कहा कि हम गांव को शहर में नहीं बदल सकते लेकिन निश्चित तौर पर हम गांवों को सभी आवश्यक सुविधाएं मुहैया करा सकते हैं। राहुल ने एक गांव के दौरे को याद करते हुए कहा कि उन्होंने एक दंपती को बेहद मुश्किल परिस्थितियों में जीवन यापन करते देखा था। उनके पास पहनने के लिए कपडे तक नहीं थे। वे उनकी गरीबी को देखकर अत्यंत व्यथित हुए और उन्होंने ग्रामीण जीवन का अहसास करने के लिए और गांवों में जाने का फैसला किया। किसानों की खुदकुशी के संबंध में चर्चा होने पर उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों की संख्या में गिरावट आई है। गौरतलब है कि यवतमाल जिले में आत्महत्या करने वाले एक किसान की विधवा कलावती बांदुरकर से दो साल पहले उनकी मुलाकात सुर्खियों में रही थी। राहुल ने विद्यार्थियों से युवक कांगे*स और एनएसयूआई में शामिल होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अगर आप राजनीति में रूचि रखते हैं तो आप पार्टी में शामिल हो सकते हैं। हमें लोगों का नेतृत्व करने के लिए युवा पीढी की जरूरत है। |