भोपाल । महंगाई के खिलाफ भाजपा के देशव्यापी जेल भरो आंदोलन के तहत लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष सुषमा स्वराज के नेतृत्व में प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं ने यहां गिरफ्तारियां दीं। सुषमा स्वराज ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की गलत नीतियों और भ्रष्टाचार के कारण देश में महंगाई बढ़ी है। इस मौके पर श्रीमती स्वराज, पूर्व मुख्यमंत्री कैलाश जोशी, सुंदरलाल पटवा तथा विधायकों सहित करीब 7700 कार्यकर्ताओं ने गिरफ्तारी दी। नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि केंद्र सरकार वस्तुओं के दाम बढ़ाती है, एक्साइज डयूटी और कर बढ़ाती है और राज्य सरकारों से करों को कम करने की अपेक्षा करती है। उन्होंने कहा कि यदि केंद्र सरकार महंगाई से आम आदमी को राहत दिलाना चाहती है, तो पहले उसे एक्साइज डयूटी में कमी करना चाहिए और इसके बाद राज्य सरकारों से उनके करों को कम करने के संबंध में चर्चा करें।
नीतीश की मांग दुर्भाग्यपूर्ण
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा धर्म निरपेक्ष प्रधानमंत्री की मांग के संबंध में पूछे जाने पर सुषमा ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण और अप्रासंगिक करार दिया। उन्होंने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव की अभी घोषणा नहीं हुई है। वरिष्ठ नेत्री ने कहा कि भाजपा का संसदीय बोर्ड उचित समय पर प्रधानमंत्री के मामले में निर्णय लेगा।
एनडीए गठबंधन में फूट नहीं
सुषमा स्वराज ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा एनडीए गठबंधन में कोई फूट नहीं है और यह पूरी एकजुटता के साथ काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति चुनाव के उम्मीदवार को लेकर राजग में मतभिन्नता का मतलब यह नहीं है कि इसमें फूट पड़ गई है। गठबंधन में शामिल दलों की किसी विषय पर एक राय नहीं होना सामान्य बात है। उन्होंने कहा कि मतभिन्नता के बावजूद राजग में आंतरि क क्षमता होने से एकजुटता कायम है, इसलिए यह एक परिपक्व गठबंधन है।