इंदौर। खदान के लिए खोदे गए गड्ढे के पानी में डूबने से एक किशोर की मौत हो गई। किशोर दोस्तों के साथ वहां नहाने गया था, उसका पैर कीचड़ में फंस गया और उसकी मौत हो गई। फायर ब्रिगेड की टीम ने किशोर का शव पानी से निकाला। सुपर कारीडोर के पास इस गड्ढे की शिकायत कलेक्टर तक पहुंचने की बात भी सामने आई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
यह है मामला
एफ 896 स्कीम 51 (गांधी नगर) निवासी सचिन पिता गणोश भलोदे (15)मंगलवार को अपने दोस्तों अमन सोनी, अंकुश चौहान, कुणाल म्हाले और मनीष के साथ सुपर कारीडोर पर बोहरा कालोनी के पास एक खदान के गड्ढे में नहाने के लिए गया था। वह और कुणाल नहाने के लिए गड्ढे में उतरे। ये दोनों डूबने लगे तो दोस्तों ने इन्हें निकालने की कोशिश की। कुणाल को तो निकाल लिया गया लेकिन सचिन को नहीं निकाला जा सका। कुछ ही देर में वह पानी में डूब गया। उसके दोस्त मदद के लिए चिल्लाने लगे। इसी दौरान कुछ लोगों ने एरोड्रम पुलिस को इसकी खबर दी। उसके बाद फायर ब्रिगेड की टीम को भी वहां बुलवाया गया। किशोर का शव टीम ने काफी मशक्कत के बाद निकाला। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरु कर दी है।
कलेक्टर को की थी शिकायत
बांगड़दा की सरपंच अचित्र चौहान के पति भगवानसिंह चौहान ने बताया कि सुपर कारीडोर के पास अवैध रुप से खनन करते हुए 30-30 फीट के गड्ढे कर दिए गए हैं। लंबे अरसे से इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहा है। पिछले साल दो माह में तीन बच्चों की मौत हो गई थी तब इसकी शिकायत कलेक्टर की गई थी। चौहान के मुताबिक से गड्ढे दिलीप बिल्डकान कंपनी ने अवैध खनन कर किए हैं,मैने तब कंपनी के मालिक दिलीप सूर्यवंशी के खिलाफ हत्या का प्रकरण दर्ज करने की मांग भी की थी। चौहान ने बताया कि पहली शिकायत 11 दिसंबर 2011 को की गई थी। शुक्रवार को इस संबंध में फिर शिकायत की जाएगी।
चक्काजाम की थी तैयारी
सूत्र बताते हैं कि सचिन की मौत को लेकर गांधीनगर में जबरदस्त आक्रोश है। ये लोग चौराहे पर शव रखकर चक्काजाम भी करने वाले थे। पुलिस अफसरों ने वहां पहुंचकर लोगों को समझाया और चक्काजाम टल गया। पुलिस का कहना था कि यदि कलेक्टर को शिकायत होगी तो उचित कार्रवाई की जाएगी। वैसे पुलिस का कहना है कि मामले में मर्ग कायम कर जांच की जा रही है। यदि कोई दोषी पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।